Sunday, September 28, 2025

प्रो. एम पी सिंह अध्यक्ष और विनोद कुमार मिश्र महामंत्री चुने गए

उत्तर प्रदेश पुस्तकालय संघ (यूपीएलए) की आम सभा बैठक रविवार को रामेश्वरम इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड मैनेजमेंट, सीतापुर रोड, लखनऊ में सम्पन्न हुयी। बैठक में निर्वतमान अध्यक्ष प्रो. यू सी शर्मा एवं निर्वतमान महामंत्री गिरीश चन्द्र ने रिपोर्ट प्रस्तुत किया।

यूपीएलए के पदाधिकारीगण

उत्तर प्रदेश पुस्तकालय संघ केन्द्रीय कार्यकारिणी चुनाव में अध्यक्ष एवं महामंत्री पद हेतु पोस्टल बैलेट द्वारा चुनाव हुआ। जिसमें प्रो. एमपी सिंह अध्यक्ष एवं विनोद कुमार मिश्र महामंत्री भारी मतों से विजयी घोषित हुए।

आम सभा बैठक में कार्यकारिणी के 7 पदों का चुनाव भी संघ के आजीवन सदस्यों द्वारा चुनाव किया गया, जिसमें उपाध्यक्ष पद पर डॉ. मनीष कुमार वाजपेयी और डॉ. एस बी कुलश्रेष्ठ, जनसम्पर्क अधिकारी पद पर कुँवर अभिषेक प्रताप (निर्विरोध), लाइब्रेरियन पद पर डॉ. प्रमोद कुमार यादव, सदस्य के तीन पदों पर क्रमशः डॉ. विपिन पाण्डेय, हिमांशु कुमार अंचल और सुनील कुमार विजयी घोषित हुए।

यूपीएलए द्वारा पुस्तकालय विज्ञान के क्षेत्र में असाधारण योगदान के लिए 7 आजीवन सदस्यों को अंगवस्त्र एवं प्रमाणपत्र द्वारा सम्मानित भी किया गया।

कार्यक्रम में लखनऊ सहित पूरे प्रदेश से सैकड़ों की संख्या में सदस्य प्रतिभाग किए। इस अवसर पर निवर्तमान अध्यक्ष, महामंत्री और चुनाव अधिकारी राजेन्द्र शंकर मिश्र को भी सम्मानित किया गया।

धन्यवाद ज्ञापन उपाध्यक्ष डॉ. मनीष बाजपेयी द्वारा किया गया।

भविष्य के उद्यमियों को मिला मार्गदर्शन: एस.आर.एम. बिज़नेस स्कूल में आयोजित हुआ विशेषज्ञ व्याख्यान

लखनऊ। एस.आर.एम. बिज़नेस स्कूल, लखनऊ के एम.बी.. विभाग द्वारा आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ (IQAC) के बैनर तले एक विशेषज्ञ व्याख्यान का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। इस व्याख्यान का विषय था

स्टार्टअप के लिए आलोचनात्मक सोच : कानूनी, नैतिक और रणनीतिक चुनौतियां इस अवसर पर मुख्य वक्ता के रूप में डॉ. नवनीत कुमार शुक्ल (राष्ट्रीय मेंटर: Start-Up India, राज्य मेंटर: उत्तर प्रदेश एवं उत्तराखंड स्टार्ट-अप काउंसिल, पूर्व शोध सहयोगी: आईआईएम लखनऊ) ने विद्यार्थियों से संवाद किया।

डॉनवनीत ने अपने व्याख्यान में कहा, किसी भी स्टार्ट-अप की सफलता के लिए केवल एक बेहतरीन आइडिया पर्याप्त नहीं है। आलोचनात्मक सोच, कानूनी ढांचे की समझ, नैतिक जिम्मेदारियाँ और रणनीतिक निर्णय क्षमताये चार स्तंभ किसी भी स्टार्ट-अप को दीर्घकालिक सफलता की ओर ले जाते हैं। युवा उद्यमियों को चाहिए कि वे इन सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर नवाचार करें।

डॉनवनीत कुमार शुक्ल
एम.बी.. विभाग की विभागाध्यक्ष श्रीमती रुचिता चौहान ने इस अवसर पर कहा, हमारा उद्देश्य छात्रों को केवल प्रबंधन की पारंपरिक शिक्षा तक सीमित रखकर उन्हें व्यावहारिक ज्ञान, आलोचनात्मक दृष्टिकोण और उद्यमशीलता की समझ प्रदान करना है। ऐसे विशेषज्ञ व्याख्यान छात्रों को भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार करते हैं।

IQAC समन्वयक डॉ. शुभेन्दु शेखर शुक्ल ने ने धन्यवाद ज्ञापन में कहा, आधुनिक दौर में शिक्षा संस्थानों की जिम्मेदारी है कि वे उद्योग, समाज और शिक्षा के बीच सेतु का कार्य करें। इस प्रकार के व्याख्यान छात्रों को केवल स्टार्ट-अप की दुनिया से जोड़ते हैं, बल्कि उन्हें कानूनी, नैतिक और रणनीतिक दृष्टिकोण अपनाने की प्रेरणा भी देते हैं।कार्यक्रम के दौरान एम.बी.. विभाग की एक महत्वपूर्ण शैक्षणिक उपलब्धियां भी सामने आई।

डॉशुभेन्दु शेखर शुक्ल (IQAC समन्वयक)

इस व्याख्यान में एम.बी.. विभाग के शिक्षकों एवं छात्रों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। छात्रों ने इंटरैक्टिव सत्र में अपने प्रश्न रखे, जिनका डॉ. शुक्ल ने विस्तारपूर्वक उत्तर दिया।

कार्यक्रम के अंत में डॉ. नवनीत कुमार शुक्ल को कार्यक्रम को कोआर्डिनेट करने वाले छात्रों द्वारा सम्मानित कर आभार व्यक्त किया गया। इस आयोजन ने विद्यार्थियों को स्टार्ट-अप जगत की बारीकियों से रूबरू कराने के साथ-साथ उन्हें भविष्य की दिशा में सकारात्मक और व्यावहारिक दृष्टिकोण अपनाने की प्रेरणा दी।

Wednesday, September 17, 2025

रचनात्मकता और प्रबंधकीय कौशल को मिला मंच: एम.बी.ए. विभाग ने आयोजित किया ‘प्रबंधन'

 लखनऊ। एस.आर.एम. बिज़नेस स्कूल, लखनऊ के एम.बी.ए. विभाग द्वारा भव्य मेगा इवेंट “प्रबंधन (Prabandhan)” का सफल आयोजन किया गया। इस आयोजन का उद्देश्य विद्यार्थियों की सृजनात्मकता, नवाचार क्षमता, टीम वर्क और प्रबंधकीय कौशल को मंच प्रदान करना था।

कार्यक्रम के अंतर्गत विविध प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिनमें आइडियाथॉन (PowerPoint Presentation), पोस्टर प्रतियोगिता, कोलाज मेकिंग, पेंटिंग, स्केचिंग, फैंसी फेस आर्ट तथा बिज़नेस क्विज़ प्रतियोगिता शामिल थीं। इन प्रतियोगिताओं में एम.बी.ए. विभाग के साथ-साथ विभिन्न कक्षाओं के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

आइडियाथॉन (PowerPoint Presentation) में विद्यार्थियों ने अपने अभिनव विचार प्रस्तुत किए, जिनमें सामाजिक और व्यावसायिक समस्याओं के समाधान की झलक दिखाई दी। पोस्टर और कोलाज प्रतियोगिता ने युवाओं की रचनात्मक सोच और कलात्मक अभिव्यक्ति को प्रदर्शित किया। वहीं, पेंटिंग और स्केचिंग ने छात्रों की कला और कल्पना शक्ति को एक नई दिशा दी। फैंसी फेस आर्ट प्रतियोगिता ने कार्यक्रम में रंगारंग और मनोरंजक माहौल बनाया। इसके साथ ही, बिज़नेस क्विज़ प्रतियोगिता ने छात्रों के व्यवसायिक ज्ञान और प्रबंधन की समझ की परीक्षा ली।

इस अवसर पर श्री पियूष सिंह चौहान (उपाध्यक्ष, SRGI) ने अपने सन्देश में कहा, “आज की युवा पीढ़ी देश के भविष्य की धुरी है। ऐसे आयोजन छात्रों को अपनी प्रतिभा दिखाने, आत्मविश्वास विकसित करने और टीम भावना को मजबूत करने का अवसर देते हैं। हमें गर्व है कि SRGI जैसे संस्थान इस दिशा में लगातार सार्थक प्रयास कर रहे हैं।”

कार्यक्रम में विभागाध्यक्ष श्रीमती रुचिता चौहान ने कहा कि “प्रबंधन जैसे कार्यक्रम छात्रों को केवल अकादमिक ज्ञान तक सीमित नहीं रखते, बल्कि उन्हें व्यावहारिक अनुभव, रचनात्मकता और प्रतिस्पर्धात्मक भावना को विकसित करने का अवसर प्रदान करते हैं।”

कार्यक्रम में निर्णायक मंडल की अध्यक्ष श्रीमती अर्पिता पांडेय (नारी शिक्षा निकेतन) ने प्रतिभागियों की रचनात्मकता और ऊर्जा की सराहना करते हुए कहा, “हर प्रतियोगिता में छात्रों ने जिस उत्साह और आत्मविश्वास के साथ भाग लिया, वह काबिल-ए-तारीफ है। छात्रों की प्रस्तुति में नवाचार और परिश्रम स्पष्ट रूप से दिखाई दिया। ऐसे मंच युवाओं के व्यक्तित्व विकास के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। ऐसे आयोजन न केवल छात्रों में आत्मविश्वास बढ़ाते हैं बल्कि उन्हें भविष्य के सफल प्रबंधक बनने की राह भी दिखाते हैं।”

श्रीमती अर्पिता पांडेय 

समन्वयक डॉ. शुभेन्दु शेखर शुक्ल ने अपने संबोधन में कहा, “आज के प्रतिस्पर्धात्मक वातावरण में छात्रों का सर्वांगीण विकास अत्यंत आवश्यक है। ‘प्रबंधन’ जैसे आयोजन छात्रों में नेतृत्व क्षमता, टीम भावना और समस्या समाधान की सोच को बढ़ावा देते हैं। यह केवल एक सांस्कृतिक या शैक्षणिक गतिविधि नहीं, बल्कि भविष्य के सफल प्रबंधकों और उद्यमियों के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।”

डॉ. शुभेन्दु शेखर शुक्ल (समन्वयक)

कार्यक्रम का समापन विजेताओं को पुरस्कार और प्रमाणपत्र प्रदान कर किया गया। पूरे कार्यक्रम में छात्रों का उत्साह देखते ही बन रहा था। यह आयोजन एम.बी.ए. विभाग के शिक्षकों और छात्रों के सामूहिक प्रयास से अत्यंत सफल रहा।

लोकनीति द्वारा आईआईएम लखनऊ में ‘नेतृत्व, निर्णय, व निर्माण – नारी @2047’ पर दो दिवसीय संगोष्ठी का शुभारंभ

 लोकनीति द्वारा भारतीय प्रबंध संस्थान (आईआईएम) लखनऊ के सभागार में ‘नेतृत्व, निर्णय, व निर्माण – नारी @2047’ विषय पर दो दिवसीय राष्ट्रीय संगो...